दवा न दुआ का असर: नहीं रहे सत्य साईं बाबापुट्टापर्थी, 24 अप्रैल 2011। न दवा का असर हुआ और न दुआ का। और न ही हो सका कोई चमत्कार। सत्य साईं बाबा का सामना भी अंतिम सच से हो गया। आज सुबह 7.40 बजे उनका देहावसान हो गया। शाम 6 बजे से यहां भक्त उनकी देह के अंतिम दर्शन कर सकेंगे। मंगलवार शाम उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा।
एक महीने पहले बाबा को पुट्टापर्थी के अस्पताल में भर्ती कराया गया था। शुरू में बताया गया कि उन्हें निमोनिया हुआ था। उसके बाद से बीच में कभी उनकी हालत में थोड़ी सुधार की खबर आती, फिर स्थिति बिगड़ जाती। बीते तीन दिन से लगातार उनकी हालत बिगड़ी हुई थी।
86 साल के बाबा के तमाम अहम अंगों ने काम करना बंद कर दिया था। उन्हें वेंटीलेटर पर रखा गया था। देश-विदेश के ढाई दर्जन से ज्यादा डॉक्टर लगातार उनका इलाज कर रहे थे। पर कोई सुधार नहीं हुआ। उनके स्वास्थ्य के बारे में रोज सुबह-शाम बुलेटिन जारी कर जानकारी दी जाती थी। पर रविवार सुबह बुलेटिन नहीं आया। सीधे एक प्रेस रिलीज जारी कर उनके देहावसान की खबर दी गई। श्री सत्या साईं ट्रस्ट के अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था। रविवार सुबह उनके परिवार वालों को भी बुला लिया गया था। सुबह से ही पुट्टापर्थी में दुकानें बंद करा दी गई थीं। शहर में धारा 144 लगा दी गई है। शहर में उनके भक्तों का सैलाब उमड़ पड़ा है। इन भक्तों को शाम 6 बजे बाबा के अंतिम दर्शन का मौका मिलेगा। मंगलवार शाम तक भक्त दर्शन कर सकेंगे।
मंगलवार को होगा अंतिम संस्कार
श्री सत्य साईं बाबा का अंतिम संस्कार मंगलवार को किया जाएगा। साईं बाबा के देहांत की खबर के बाद पुट्टापर्थी पूरी तरह बंद हो गया। भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता लाल कृष्ण आडवाणी ने श्री सत्य साईं बाबा के देहांत पर शोक जाहिर किया। वहीं महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री अशोक चव्हाण ने भी बाबा के देहांत पर शोक संवेदना जाहिर की।

