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'बमों की मां' हमले में एक भारतीय की भी मौत, घरवालों ने किया दावा

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📍 New Delhi
'बमों की मां' हमले में एक भारतीय की भी मौत, घरवालों ने किया दावा
पाकिस्तानी सीमा के पास पूर्वी अफगानिस्तान में आईएस के ठिकानों पर अमेरिका द्वारा दुनिया का सबसे बड़ा गैर परमाणु बम गिराया गया। इस हमले में एक भारतीय भी मारा गया है। मारे गए युवक मुर्शीद के घर वालों ने दावा किया है कि MOAB के हमले में उनका बेटा मारा गया। अमेरिका का कहना हैं की हमले के समय वहां 800 आईएस आतंकी उस स्थान पर थे। यह हमला बेेहद सफल रहा।



अफगानिस्तान के नागरहार में आईएस के गुप्त ठिकानों पर सैकड़ों आतंकी ट्रेनिंग ले रहे थे जिनमें भारत के करीब 21 युवकों के शामिल होने की आशंका है। वहीं केरल के एक मंत्री ने दावा किया कि इस हमले में 18 भारतीय युवक का मारे जा सकते हैं।



समाचार एजेंसी ने कहा है कि भारत के करीब 21 युवक लापता थे जिनमें एक के घरवालों ने उसकी मौत का दावा किया है।



खबरों ने अनुासर खुफिया एजेंसियों ने कहा था कि करीब 21 युवक आईएस से प्रभावित हुए हैं और देश छोड़कर आईएस में शामिल होने चले गए हैं।



भारतीय युवकों के अलावा यहां कुछ बांग्लादेश व मालदीव के युवक आतंक की ट्रेनिंग ले रहे थे। अनुमान है कि गुरुवार शाम को अमेरिका द्वारा गिराए गए GBU-43 बम से सैकड़ों आतंकी मारे गए।



हालांकि मारे गए आतंकियों के बारे में अभी कोई आधिकारिक आंकड़ा नहीं आया। लेकिन अमेरिकी सुरक्षा अधिकारियों का मानना है कि जहां बम गिराया गया है वहां पर करीब 700 आतंकी आईएस की ट्रेनिंग ले रहे थे। जबकि अफगानिस्तान की खुफिया एजेंसियों को मामना है कि यहां करीब 1500 लोग कट्टरवादी गतिविधियों में संलिप्त हैं।



इस बम के बारे में पांच बातें ?



1. GBU-43/B बम जिसका इस्तेमाल अफगानिस्तान पर किया गया उसका वजन 21,600 पाउंड था। इसको जीपीएस की मदद से निशाने तक पहुंचाया गया।

2. अमेरिका की तरफ से किसी भी लड़ाई में पहली बार MOAB बम का इस्तेमाल किया गया है।

3. इस बम को यूएस मिलिट्री के अल्बर्ट वेईमोर्ट्स ने बनाया था। इसको सबसे पहली बार 2003 में टेस्ट किया गया था।

4. टेस्ट के बाद इसको सिर्फ 2003 में ही बनाया गया। उस वक्त इराक से लड़ाई चल रही थी। लेकिन इसका कभी इस्तेमाल नहीं किया गया था।

5. इसके बाद ही रूस की तरफ से 'फॉदर ऑफ ऑल बम' बनाया गया था। जिसको MOAB से चार गुना ज्यादा शक्तिशाली बताया जाता है।

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