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यूएन मानवाधिकार परिषद से बाहर हुआ रूस

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Digital Desk
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📍 संयुक्तराष्ट्र
यूएन मानवाधिकार परिषद से बाहर हुआ रूस
अक्टूबर 29, 2016, सीरिया में अपनी नीतियों के कारण युद्ध अपराध के आरोपों का सामना कर रहा रूस संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद से बाहर हो गया है। संयुक्त राष्ट्र महासभा ने परिषद के 14 सदस्यों का चुनाव किया है। चुने गए देशों में चीन, अमेरिका, ब्रिटेन एवं अन्य शामिल हैं। निर्वाचित देशों का तीन वर्षों का कार्यकाल जनवरी 2017 से शुरू होगा। सदस्य चुने गए अन्य देशों में ट्यूनीशिया, दक्षिण अफ्रीका, रवांडा, जापान, इराक, सऊदी अरब, हंगरी, क्रोएशिया, क्यूबा, ब्राजील, शामिल हैं।



संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद सभी मानवाधिकारों और बुनियादी स्वतंत्रता के प्रोत्साहन और संरक्षण के लिए उत्तरदायी है। महासभा ने 2006 में 60 वर्ष पुराने संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार आयोग की जगह इसकी स्थापना की थी।



परिषद का काम मानवाधिकार उल्लंघन के मामलों का समाधान और उसके अनुरूप सिफारिशें करना है।



परिषद आपात स्थिति में अपना काम करती है और मानवाधिकार हनन को रोकती है। 193 सदस्यीय महासभा में गुप्त मतदान के जरिये परिषद के सदस्यों का चुनाव किया जाता है। दो बार चुना गया कोई भी देश लगातार तीसरी बार निर्वाचित नहीं हो सकता है।
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