🔴 TRENDING NOW!
सीतारमण ने ग्लोबल टैक्स नियमों में BRICS की बड़ी भूमिका की वकालत, भारत ने दो नए वर्किंग ग्रुप का प्रस्ताव रखा राधिका आप्टे का खुलासा: लीक हुई निजी फुटेज के बाद 4 दिनों तक घर से नहीं निकलीं भारत का KAL Drone: 1,000 KM तक की रेंज, पोखरण में स्वदेशी Long-Range Attack Drone का परीक्षण भारतीय संस्कृति-जीवनशैली में आयुर्वेद सदियों से समाहित है: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव MP पुलिस के नए सोशल मीडिया नियम: वर्दी में रील्स और गोपनीय जानकारी शेयर करने पर रोक मध्यप्रदेश का चारों ओर होगा विकास, सीएम डॉ. मोहन ने डेवलमेंट के लिए मंजूर किए 13 हजार 790 करोड़ रुपये ISRO का फ्री AI/ML कोर्स: 4 अक्टूबर तक करें आवेदन, जानें आवेदन का तरीका सीएम डॉ. यादव ने गांधी सागर वाइल्डलाइफ सैंक्चुरी में छोड़ी चीता 'सीसीबी-2', कहा- यह कदम हमारी "जियो और जीने दो" की भावना दिखाता है तथ्यों के साथ संवाद करें राहुल गांधी, मध्यप्रदेश के विकास की वास्तविक तस्वीर देखें : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव कोई बनेगा सीए-कोई वकील-कोई शुरू करेगा स्टार्टअप, बच्चों से इंप्रेस सीएम डॉ. मोहन ने 7400 से ज्यादा छात्रों को दी स्कूटी

AIIMS भोपाल में उन्नत थोरासिक ऑन्कोलॉजी सुविधा शुरू, पहली जटिल सर्जरी सफल

👤
prativad
👁 1502 व्यूज
📍 भोपाल
AIIMS भोपाल में उन्नत थोरासिक ऑन्कोलॉजी सुविधा शुरू, पहली जटिल सर्जरी सफल
10 नवंबर 2025। AIIMS भोपाल ने कैंसर उपचार में एक बड़ा कदम उठाते हुए सर्जिकल ऑन्कोलॉजी विभाग में थोरासिक ऑन्कोलॉजी यूनिट की शुरुआत की है। यह सुविधा इसोफेगस और फेफड़ों से जुड़ी जटिल कैंसर सर्जरी के लिए समर्पित है।

इस यूनिट का शुभारंभ AIIMS भोपाल के कार्यपालक निदेशक और देश के जाने-माने ऑन्को-सर्जन प्रो. (डॉ.) माधवानंद कर के नेतृत्व में हुआ। लॉन्च के साथ ही टीम ने एक जटिल इसोफेगस कैंसर सर्जरी भी सफलतापूर्वक की। इस प्रक्रिया में कैंसर से प्रभावित हिस्से को हटाकर पेट के हिस्से से बनाई गई नई नली को गले तक जोड़ दिया गया। यह सर्जरी पूरी तरह थोराकोस्कोपिक और लैप्रोस्कोपिक तकनीक से हुई, जिससे मरीज को बड़े चीरे से बचाया गया और रिकवरी तेज होने की उम्मीद है।

यह ऑपरेशन प्रो. कर के निर्देशन में डॉ. विनय कुमार (विभागाध्यक्ष, सर्जिकल ऑन्कोलॉजी), डॉ. अंकित, डॉ. वैशाली (मुख्य एनेस्थेटिस्ट), डॉ. ज़ैनब और डॉ. शिखा सहित बहुविषयक टीम ने पूरा किया।

AIIMS भोपाल का सर्जिकल ऑन्कोलॉजी विभाग हर साल करीब 20 हजार कैंसर मरीजों का इलाज करता है। नई सुविधा से मध्य प्रदेश और आसपास के राज्यों के मरीजों को बड़ी राहत मिलेगी क्योंकि अब उन्हें उन्नत थेरेपी और सर्जरी के लिए मेट्रो शहरों की ओर नहीं जाना पड़ेगा।

प्रो. कर ने कहा कि थोरासिक ऑन्कोलॉजी यूनिट से इसोफेगस और फेफड़ों के कैंसर मरीजों के परिणाम बेहतर होंगे। वहीं विभागाध्यक्ष ने बताया कि इस सुविधा की शुरुआत AIIMS भोपाल के लिए मील का पत्थर है और क्षेत्र के मरीजों के लिए बड़ी सौगात।

इस नई पहल के साथ मध्य भारत में ही अब विश्वस्तरीय कैंसर सर्जरी उपलब्ध होगी, जिससे मरीजों और उनके परिजनों को समय और लागत दोनों में राहत मिलेगी।
Tags :