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भारत ने यूएसएआईडी परियोजनाओं के दस वर्षीय ऑडिट की मांग की

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📍 भोपाल
भारत ने यूएसएआईडी परियोजनाओं के दस वर्षीय ऑडिट की मांग की
19 मार्च 2025। नई दिल्ली ने वाशिंगटन से अमेरिकी विदेशी एजेंसी द्वारा प्रदान किए गए एक दशक के वित्तपोषण का विवरण देने के लिए कहा है। भारतीय विदेश मंत्रालय ने अमेरिकी दूतावास से पिछले दस वर्षों में भारत में यूएसएआईडी द्वारा सहायता प्राप्त या वित्तपोषित परियोजनाओं पर किए गए सभी व्यय का विवरण प्रस्तुत करने को कहा है।

◼ संसद में उठाया गया मुद्दा
टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, भारतीय विदेश मंत्रालय ने इस मुद्दे को संसद के ऊपरी सदन, राज्यसभा में पिछले सप्ताह उठाया था। विदेश राज्य मंत्री कीर्ति वर्धन सिंह ने कहा कि चूंकि इस तरह का वित्तपोषण 'गैर-लाभकारी' संगठनों के माध्यम से आता है, इसलिए भारत सरकार ने यूएसएआईडी समर्थित पहलों को लागू करने में शामिल संस्थाओं की जानकारी मांगी है।

रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी अधिकारियों ने भारत के अनुरोध पर अब तक औपचारिक रूप से कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है। सिंह ने कहा कि हालांकि कुछ खुले स्रोत की जानकारी उपलब्ध है, लेकिन भारत सरकार "इस मामले पर अमेरिकी सरकार से आधिकारिक प्रतिक्रिया की उम्मीद करती है।"

◼ एस. जयशंकर की प्रतिक्रिया
भारतीय विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने पिछले महीने कहा था कि यूएसएआईडी को भारत में "सद्भावना के साथ" काम करने की अनुमति दी गई है। हालांकि, "अमेरिकी प्रशासन से सामने आई जानकारी" से ऐसी गतिविधियों का संकेत मिलता है जो "बुरी नीयत से की गई हैं।" जयशंकर ने एलन मस्क के सरकारी दक्षता विभाग (DOGE) द्वारा जारी USAID कार्यक्रमों के डेटा पर टिप्पणी करते हुए यह बात कही।

जयशंकर ने यह भी खुलासा किया कि सरकार NGO के योगदान की जांच कर रही है और ऐसे संगठनों को अपने वित्तपोषण के स्रोतों की घोषणा करने के लिए बाध्य किया गया है। उन्होंने कहा, "तथ्य सामने आएंगे।"

◼ प्रवर्तन निदेशालय की छापेमारी
मंगलवार को एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम में, भारत की आर्थिक खुफिया एजेंसी प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने USAID गतिविधियों से जुड़े आठ स्थानों पर छापे मारे। इनमें ओपन सोसाइटी फ़ाउंडेशन से जुड़े एक फ़ंड मैनेजर का परिसर भी शामिल था, जिसे अमेरिकी अरबपति जॉर्ज सोरोस द्वारा नियंत्रित किया जाता है।

लगभग 3 मिलियन डॉलर के मनी ट्रेल की खोज के बाद छापे मारे गए, जो विभिन्न NGO तक ले गए।

◼ USAID की भारत में परियोजनाएँ
भारत के वित्त मंत्रालय की 2023-24 की वार्षिक रिपोर्ट के अनुसार, USAID भारत में सात परियोजनाओं को वित्तपोषित कर रहा था, जिनमें कुल 750 मिलियन डॉलर का निवेश किया गया था। हाल के वित्तीय वर्ष में, यूएसएआईडी ने इन परियोजनाओं के लिए 97 मिलियन डॉलर आवंटित किए थे।

ये परियोजनाएँ कृषि, जल एवं स्वच्छता, नवीकरणीय ऊर्जा, आपदा प्रबंधन और स्वास्थ्य सहित विभिन्न क्षेत्रों में फैली हुई हैं और भारत सरकार के साथ साझेदारी में क्रियान्वित की जा रही हैं।
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