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सीआईआई यंग इंडियन्स ने चलाई अंगदान की मुहिम -गिफ्ट एन ऑर्गन

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प्रतिवाद
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📍 Bhopal
सीआईआई यंग इंडियन्स ने चलाई अंगदान की मुहिम -गिफ्ट एन ऑर्गन
6 जनवरी 2017, भारत में प्रति मिनिट एक व्यक्ति अंगदान का इंतजार करते हुए जान दे देता है। एक मोटे अनुमान के मुताबिक देश में 5 लाख लोग अपनी जान गंवा देते हैं, अंगदान कर इनमें से एक बड़ी संख्या की जान बचाई जा सकती है। एक व्यक्ति अंगदान कर 8 लोगों का जीवन बचा सकता है तथा 50 लोगों की जिंदगी को बेहतर बना सकता है। मृत्यु के उपरांत 37 प्रकार के अंग व टिश्यू किसी जीवित व्यक्ति की जान बचाने व उसका जीवन बढ़ाने के काम आ सकते हैं।



उक्त आशय की जानकारी आज सीआईआई यंग इंडियन्स द्वारा आरंभ किये गए अंगदान अभियान के संबंध में आयोजित एक पत्रकार वार्ता में सीआईआई यंग इंडियन्स सदस्य तथा चिकित्सक डॉ. राकेश भार्गव ने दी। उन्होंने बताया कि अंगदान के संबंध में बहुत सी भ्रांतियां होने की वजह से देश में बहुत कम लोग अंगदान के लिए आगे आते हैं। अंगदान से जुड़ी भ्रांतियों को दूर करने तथा इस संबंध में तथ्यपरक जानकारी उपलब्ध कराने के उद्देश्य से सीआईआई यंग इंडियन्स द्वारा www.giftanorgan.org नामक वेबसाइट आरंभ की गई है।



डॉ. भार्गव ने बताया कि एक व्यक्ति अपने लिवर, फेफड़ों, दिल, छोटी आंत, पेंक्रियाज और किडनी को दान कर सकता है। इसके अतिरिक्त त्वचा, हड्डियां, कॉर्निया, हार्ट वॉल्व तथा नसों आदि को भी दान किया जा सकता है।



भावना बनर्जी, वर्टिकल हेड, गिफ्ट एन ऑर्गन, ने कहा कि हमारे देश में अंगदान करने वालों की संख्या बहुत कम और जरूरतमंदों की संख्या बहुत ज्यादा है। खासतौर पर किडनी और लिवर ट्रांसप्लांट के लिए मरीजों को बहुत लंबे समय तक इंतजार करना होता है और अक्सर इंतजार करते करते उनकी मृत्यु भी हो जाती है।



सीआईआई यंग इंडियन्स, भोपाल के चेयरमेन राकेश सुखरामानी ने बताया कि भ्रांतियों को दूर करने तथा लोगों को अंगदान के प्रति प्रेरित करने यंग इंडियन्स अस्पतालों, शासकीय संस्थानों, स्कूलों एवं कॉलेजों आदि में जाकर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करेगा। साथ ही अंगदान करने वालों को सम्मानित कर उन्हें उनके निवास पर पहुंचकर डोनर सर्टिफिकेट भी प्रदान करेगा। उन्होंने यह भी बताया कि इस वर्ष 20 जनवरी को यंग इंडियन्स के देशभर में फैले सभी चैप्टर अंगदान दिवस के रूप में मनाएंगे। भोपाल चैप्टर इस दिन अस्पतालों, मॉल्स तथा अन्य सार्वजनिक स्थानों पर अपने वालेंटियर्स के जरिए नुक्कड़ नाटक, जागरूकता सेमीनार तथा अंगदान फॉर्म भरवाने का कार्य करेंगे। इससे पूर्व भी उनके चैप्टर द्वारा विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से यह कार्य किया जा रहा है। उनका लक्ष्य है कि 20 जनवरी तक 10 हजार लोगों से अंगदान संबंधी सहमति प्राप्त कर फार्म भरवा लिये जाएं।
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