नई डीएफसी-सक्षम रेल सेवाओं से माल ढुलाई की क्षमता बढ़ेगी, माल की आवाजाही के समय का बेहतर अनुमान लगाने और सप्लाई चेन की योजना अधिक कुशलता से बनाने में मदद मिलेगी।
26 अक्टूबर 2026। डीपी वर्ल्ड ने समर्पित माल ढुलाई गलियारे (डीएफसी) से जुड़ी दो नई डबल-स्टैक रेल सेवाएं शुरू की हैं। ये सेवाएं जवाहरलाल नेहरू पोर्ट प्राधिकरण (जेएनपीए) को राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) में स्थित उसके अंतर्देशीय कंटेनर डिपो (आईसीडी) नेटवर्क और गुजरात के अहमदाबाद स्थित साचाना से जोड़ेंगी।
पहली सर्विस सितंबर, 2026 से शुरू हुई है। इसके माध्यम से जेएनपीए को एनसीआर में पाली/रेवाड़ी, झत्तीपुर-पानीपत और मोदीनगर स्थित डीपी वर्ल्ड के आईसीडी नेटवर्क से जोड़ा गया है। दूसरी सर्विस के माध्यम से जेएनपीए को अहमदाबाद के आईसीडी साचाना से जोड़ा गया है। इससे गुजरात में जेएनपीए की डबल स्टैक रेल कनेक्टिविटी को विस्तार मिला है। इन दोनों सर्विसेज में समर्पित बुनियादी ढांचे, तेज स्पीड और दक्ष तरीके से ज्यादा कार्गो को लाने-ले जाने की उच्च क्षमता का लाभ लिया जाएगा। इससे इस मैरीटाइम गेटवे और प्रमुख इनलैंड मार्केट्स के बीच का टर्नअराउंड टाइम (आने-जाने में लगने वाला समय) कम हो सकेगा।
नई सर्विसेज ने प्रमुख खपत एवं उत्पादन केंद्रों के बीच एकीकृत नेटवर्क के तहत पोर्ट एवं इनलैंड इन्फ्रास्ट्रक्चर को जोड़ते हुए बंदरगाहों और देश के अंदरूनी बाजारों के बीच संपर्क को और मजबूती दी है। इन सेवाओं से ग्राहकों को रेल परिवहन का एक भरोसेमंद विकल्प मिलेगा, जिससे माल तेजी से पहुंचाने, उसकी आवाजाही के समय का बेहतर अनुमान लगाने और सप्लाई चेन की योजना अधिक कुशलता से बनाने में मदद मिलेगी। साथ ही इनसे मैरीटाइम गेटवे और इनलैंड मार्केट्स के बीच कनेक्शन को मजबूत करने में भी मदद मिलेगी।
डबल-स्टैक परिचालन से रेल द्वारा ले जाए जा सकने वाले माल की मात्रा बढ़ाने में मदद मिलती है। रेल का अधिक उपयोग करना सड़क परिवहन पर निर्भरता कम करके पर्यावरण के अधिक अनुकूल लॉजिस्टिक्स नेटवर्क को बढ़ावा देता है।
डीपी वर्ल्ड के सबकॉन्टिनेंट (भारत) के कंट्री मैनेजर, हेमंत कुमार रुइया ने कहा, "समर्पित माल ढुलाई गलियारा के जरिये डबल-स्टैक रेल कनेक्टिविटी का विस्तार करना, भारत में लॉजिस्टिक्स को और अधिक कुशल बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। जैसे-जैसे अर्थव्यवस्था बढ़ेगी, बंदरगाहों और प्रमुख बाजारों के बीच सामान को तेजी से और कम लागत में पहुंचाना बहुत जरूरी होता जाएगा। जेएनपीए को एनसीआर और गुजरात के प्रमुख बाजारों से जोड़कर, हम कंपनियों को अपना माल तेजी से पहुंचाने, लॉजिस्टिक्स की लागत कम करने और मजबूत तथा लचीली सप्लाई चेन बनाने में मदद कर रहे हैं।"
डीपी वर्ल्ड (एससीओ) के रेल और इनलैंड टर्मिनल्स के वाइस प्रेसिडेंट अधेंद्रु जैन ने कहा, “भारत की राष्ट्रीय लॉजिस्टिक्स नीति और पीएम गतिशक्ति से अधिक एकीकृत, मल्टीमोडल और एफिशिएंट लॉजिस्टिक्स इकोसिस्टम को बढ़ावा मिल रहा है। इससे बंदरगाहों, रेल नेटवर्क एवं इनलैंड मार्केट्स के बीच कनेक्टिविटी और मजबूत हो रही है। डीएफसी-इनेबल्ड डबल-स्टैक रेल सर्विसेज का विस्तार इसी विजन के अनुरूप है। हम रेल क्षमता को लगातार बढ़ा रहे हैं और मैरीटाइम गेटवे को प्रमुख खपत एवं उत्पादन केंद्रों से जोड़ने वाले लिंक को मजबूत कर रहे हैं। जेएनपीए को एनसीआर और गुजरात में फैले हमारे आईसीडी नेटवर्क से जोड़कर, हम समर्पित फ्रेट इन्फ्रास्ट्रक्चर, अधिक क्षमता वाले रेल ऑपरेशंस और अपने इनलैंड नेटवर्क को साथ ला रहे हैं। इससे ग्राहकों को कार्गो की आवाजाही के लिए अधिक कुशल और भरोसेमंद विकल्प मिलते हैं। यह न केवल कंपनियों को अपना कार्गो भेजने का बेहतर विकल्प देता है, बल्कि भारत में एक अधिक किफायती, लचीले और टिकाऊ फ्रेट नेटवर्क की ओर बढ़ने में भी मदद करता है।”
नई रेल सेवाओं से गुजरात और उत्तर भारत के प्रमुख उत्पादन और कारोबारी केंद्रों को फायदा होगा। इनमें ऑटोमोटिव, इंजीनियरिंग, मैन्युफैक्चरिंग, फार्मास्युटिकल, केमिकल, टेक्सटाइल और होम फर्निशिंग जैसे सेक्टर शामिल हैं। इन केंद्रों को जेएनपीए से बेहतर तरीके से जोड़ने से निर्यातकों, आयातकों और घरेलू सप्लाई चेन को रेल से ज्यादा माल ढोने की सुविधा मिलेगी। साथ ही माल की आवाजाही अधिक भरोसेमंद होगी।