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भोजशाला फ़ैसले पर मुस्लिम पक्ष सुप्रीम कोर्ट जाएगा, क़ाज़ी वक़ार सादिक़ बोले- यह एकतरफ़ा निर्णय

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📍 भोपाल
भोजशाला फ़ैसले पर मुस्लिम पक्ष सुप्रीम कोर्ट जाएगा, क़ाज़ी वक़ार सादिक़ बोले- यह एकतरफ़ा निर्णय
15 मई 2026। मध्य प्रदेश हाई कोर्ट द्वारा धार स्थित विवादित भोजशाला को मंदिर घोषित किए जाने और नमाज़ पर रोक लगाने के फ़ैसले के बाद मुस्लिम पक्ष ने सुप्रीम कोर्ट जाने की तैयारी शुरू कर दी है। धार के क़ाज़ी वक़ार सादिक़ ने अदालत के निर्णय को “एकतरफ़ा” बताते हुए कहा कि इस मामले को देश की सर्वोच्च अदालत में चुनौती दी जाएगी।

क़ाज़ी वक़ार सादिक़ ने कहा कि मुस्लिम समुदाय अभी हाई कोर्ट के विस्तृत आदेश का अध्ययन कर रहा है। फ़ैसले की पूरी प्रति मिलने के बाद वकीलों की टीम उसकी कानूनी समीक्षा करेगी और आगे की रणनीति तय की जाएगी।

मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा, “हमने अभी तक पूरा फ़ैसला नहीं पढ़ा है। हमारे वरिष्ठ वकीलों ने अदालत में मज़बूती से पक्ष रखा था और हमें उम्मीद थी कि निर्णय हमारे पक्ष में आएगा। अब आदेश का परीक्षण किया जाएगा। यदि हमें लगता है कि यह फ़ैसला हमारे हितों के विरुद्ध है, तो हाई कोर्ट का सम्मान करते हुए हम निश्चित रूप से सुप्रीम कोर्ट में अपील करेंगे।”

उन्होंने यह भी कहा कि जिस आधार पर निर्णय दिया गया है, उस पर मुस्लिम पक्ष को गंभीर आपत्ति है। वक़ार सादिक़ ने राम जन्मभूमि मामले का हवाला देते हुए कहा कि भूमि स्वामित्व से जुड़े अंतिम निर्णय का अधिकार सुप्रीम कोर्ट के पास होता है। उनके अनुसार, यह अंतिम कानूनी निष्कर्ष नहीं है और इस मामले में आगे न्यायिक लड़ाई जारी रहेगी।

क़ाज़ी ने बताया कि पूरे मुस्लिम समुदाय की ओर से आगे की कानूनी कार्रवाई को लेकर बैठकें आयोजित की जाएँगी। वहीं, हाई कोर्ट के फ़ैसले के बाद हिंदू संगठनों में उत्साह देखा गया और कई स्थानों पर जश्न मनाया गया।

स्थिति को देखते हुए धार शहर में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। प्रशासन ने शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया है।
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