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लॉक 'डाउन' में गेहूं का उपार्जन हुआ सबसे 'टॉप'

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📍 Bhopal
लॉक 'डाउन' में गेहूं का उपार्जन हुआ सबसे 'टॉप'
24 मई 2020। वैश्विक महामारी कोरोना के चलते इस बार सरकार को लॉकडाउन लागू करना पड़ा, लेकिन प्रदेश के किसानों की मेहनत और उनका जज्बा इस बार सबसे हाई रहा। यही वजह है कि मध्यप्रदेश के इतिहास में इस बार सबसे ज्यादा गेहूं खरीदी दर्ज की गई। गेहूं खरीदी के मामले में मध्यप्रदेश पंजाब के बाद देश में दूसरे स्थान पर है। इस व्यापक संकट में भी गेहूं विक्रय के लिये 20 मई तक 19.52 लाख किसानों ने पंजीयन कराया, जो पिछले पांच वर्षों में सबसे ज्यादा है। वहीं पंजीकृत किसानों के उपार्जन केंद्रों में पहुंचने पर भी उत्साहजनक वृद्धि देखने को मिली। गत वर्ष 19.81 लाख पंजीकृत किसानों में से 9.66 लाख यानी 49 प्रतिशत किसानों ने ही वास्तविक तौर पर उपार्जन केंद्रों में जाकर अपनी फसल बेची थी, लेकिन इस वर्ष 20 मई तक 19.52 लाख किसानों में 13.87 किसान यानी 71 प्रतिशत किसानों ने खुद उपार्जन केंद्र जाकर अपनी फसल का विक्रय किया। इस बार किसानों को अपनी फसल बेचने के लिये अन्य माध्यम जैसे सौदा पत्रक और प्राइवेट खरीदी केंद्र की व्यवस्था भी की गई, लेकिन उपार्जन केंद्रों पर प्रदेश सरकार द्वारा प्रदान की गई सुदृढ़ व्यवस्था और अन्य सेवाओं के कारण किसानों ने प्राथमिकता से उपार्जन केंद्रों पर जाकर अपनी फसल का सौदा किया।
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