भोपाल 7 दिसंबर 2022। राजधानी भोपाल से सटे रातापानी अभयारण्य को टाईगर रिजर्व बनाने के लिये अब वहां के कोर एवं बफर क्षेत्र में स्थित ग्राम सभाओं से सहमति ली जायेगी। यह निर्णय स्टेट वाईल्ड लाईफ बोर्ड ने मंजूर किया है।
उल्लेखनीय है कि इससे पहले 20 अप्रैल 2022 को बोर्ड की बैठक में निर्णय लिया गया था कि प्रस्तावित रातापानी टाईगर रिजर्व क्षेत्र से संबंधित जन प्रतिनिधियों, सांसदों एवं विधायकों से वन मंत्री चर्चा करेंगे तथा उनके अभिमत प्राप्त कर पुन: बोर्ड के समक्ष प्रस्ताव विचारार्थ प्रस्तुत करेंगे। परन्तु वन मंत्री द्वारा अभी तक ऐसी कोई चर्चा नहीं की गई तथा अब बोर्ड की पुन: हुई बैठक में ग्राम सभाओं से सहमति लेने का निर्णय ले लिया गया है।
यह असल कारण :
रातापानी अभयारण्य को टाईगर रिजर्व बनाने का मसला पिछले कई सालों से लेंबित पड़ा हुआ है। स्टेट वाईल्ड लाईफ बोर्ड कई बार इसके गठन का प्रस्ताव का प्रस्ताव रख चुका है परन्तु इस पर सहमति नहीं मिल पा रही है। इसका असल कारण यह है कि रातापानी अभयारण्य में सीएम शिवराज सिंह चौहान का बुधनी क्षेत्र भी आता है और यहां अनेक ग्राम बसे हुये हुये हैं। सीएम फारेस्ट अफसरों से कह चुके हैं कि रातापानी टाईगर रिजर्व बनाने से जितना धन केंद्र से मिलेगा उतना वे राज्य के खजाने से उपलब्ध कराने के लिये तैयार हैं, इसलिये इसे टाईगर रिजर्व न बनाया जाये क्योंकि इससे अनके विकास कार्य रुक जायेंगे क्योंकि टाईगर रिजर्व बनने से विकास कार्यों के लिये फारेस्ट क्लीयरेंस लेना पड़ती है जिसमें काफी समय एवं धन व्यय होता है। फिर टाईगर रिजर्व बनने से वहां के ग्रामों के किसानों को उनकी भूमि पर वैसा मालिकाना हक नहीं मिल पायेगा जैसा राजस्व भूमि पर होता है और जिसे बंधक बनाकर वित्तीय संस्थाओं से ऋण ले लिया जाता है। टाईगर रिजर्व बनने से ग्राम एवं उसकी भूमि पर स्वामित्व वन विभाग का हो जायेगा।
- डॉ. नवीन जोशी

रातापानी टाईगर रिजर्व बनाने के लिये अब ग्राम सभाओं की सहमति ली जायेगी
Place:
Bhopal 👤By: DD Views: 1277
Related News
Latest News
- मतदाता सूची में नाम जुड़वाने और हटवाने की तारीख बढ़ी, अब 15 जून तक कर सकेंगे आवेदन
- आंधी-अंधड़ से विद्युत प्रदाय में व्यापक बाधा, ठीक करने युद्ध स्तर पर काम कर रही बिजली विभाग की टीमें
- मध्यप्रदेश को वैश्विक निवेश केंद्र बनाने की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम
- भारतीय उद्यमी गगन गुप्ता के अफ्रीकी ईवी प्लेटफॉर्म स्पाइरो ने जुटाए 215 मिलियन डॉलर; पुणे टेक सेंटर करेगा इस विस्तार की अगुवाई
- मुख्यमंत्री डॉ. यादव अब ईवी कार से करेंगे सफर
Latest Posts















