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एप्पल गूगल के जेमिनी एआई से सिरी को नया रूप देने पर विचार कर रहा

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📍 भोपाल
एप्पल गूगल के जेमिनी एआई से सिरी को नया रूप देने पर विचार कर रहा
24 अगस्त 2025। टेक्नोलॉजी दिग्गज एप्पल (Apple) गूगल के उन्नत जेमिनी (Gemini) एआई मॉडल को अपनाकर अपनी वॉइस असिस्टेंट सेवा सिरी (Siri) को पूरी तरह नया रूप देने पर विचार कर रहा है। रिपोर्ट्स के अनुसार, एप्पल और गूगल के बीच शुरुआती स्तर पर बातचीत चल रही है ताकि सिरी का अगला वर्ज़न जेमिनी एआई की नींव पर तैयार किया जा सके। नया अपग्रेड अगले साल तक आ सकता है।

शेयर बाज़ार में सकारात्मक असर
इस खबर के सामने आते ही शेयर बाज़ार में दोनों कंपनियों के शेयरों में तेजी दर्ज हुई। एप्पल के शेयर 1.5% तक चढ़े, जबकि गूगल की पैरेंट कंपनी अल्फाबेट के शेयरों में 3% से ज्यादा की बढ़त देखने को मिली। निवेशकों का मानना है कि यह साझेदारी एप्पल के लिए एआई क्षेत्र में अपनी स्थिति मजबूत करने का बड़ा कदम साबित हो सकती है।

प्रतिस्पर्धा की तस्वीर
वर्तमान में गूगल अपने जेमिनी मॉडल को पिक्सल (Pixel) और गैलेक्सी (Galaxy) जैसे उपकरणों में पहले ही शामिल कर चुका है, जिससे इन डिवाइसों में प्रोएक्टिव और संदर्भ-आधारित (contextual) फीचर्स काम कर रहे हैं। इसके मुकाबले, एप्पल का सिरी लंबे समय से सीमित क्षमताओं के कारण आलोचना झेल रहा है। ऐसे में गूगल की मदद से एप्पल बिना लंबी रिसर्च-डेवलपमेंट प्रक्रिया के सिरी को नए स्तर पर ले जा सकता है।

रणनीतिक मायने
एप्पल अब तक अपने मुख्य तकनीकी उत्पादों को इन-हाउस विकसित करने पर जोर देता आया है। लेकिन सिरी के लिए गूगल पर निर्भर होना उसकी रणनीति में बड़ा बदलाव माना जाएगा। बताया जा रहा है कि एप्पल अन्य एआई कंपनियों — एंथ्रोपिक (Claude) और ओपनएआई (ChatGPT) — से भी संभावित सहयोग पर बातचीत कर रहा है। साथ ही, कंपनी अपने आंतरिक मॉडल्स “Linwood” और “Glenwood” पर भी काम कर रही है।

आगे क्या?
विशेषज्ञों का मानना है कि एप्पल ने अभी अंतिम निर्णय नहीं लिया है। हालांकि, यह स्पष्ट है कि कंपनी एआई की दौड़ में पीछे रहने का जोखिम नहीं उठाना चाहती। अगर समझौता हो जाता है, तो 2026 तक उपयोगकर्ताओं को एक ऐसा सिरी मिल सकता है जो कहीं ज्यादा स्मार्ट, व्यक्तिगत (personalized) और ऐप्स के बीच सहज इंटीग्रेशन वाला होगा।

निचोड़: गूगल के जेमिनी से सिरी को नया रूप देने की योजना एप्पल की उस रणनीति को दर्शाती है जिसमें वह एआई की प्रतिस्पर्धा में तेजी से आगे बढ़ने के लिए सहयोग का रास्ता भी अपनाने को तैयार है।
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