2 अगस्त 2018। प्रदेश के नगरीय निकायों से अब मृत्यु प्रमाण-पत्र बिना आधार नंबर के नहीं मिलेंगे। यदि आधार नंबर नहीं है तो एक शपथ-पत्र देना होगा। इस संबंध में राज्य शासन ने सभी नगरीय निकायों को निर्देश जारी कर दिये हैं। अब सभी नगरीय निकायों को इस प्रावधान के पालन में आवश्यक व्यवस्थायें करना होंगी।
दरअसल भारत सरकार के गृह मंत्रालय ने नोटिफिकेशन जारी कर सभी राज्यों के लिये मृत्यु प्रमाण-पत्र देते समय आवेदक से आधार नंबर लेना अनिवार्य किया है। इसी के परिपालन में ये निर्देश प्रदेश के सभी नगरीय निकायों को जारी हुये हैं। निर्देशों में बताया गया है कि आवेदन-पत्र में मृतक का आधार नंबर का उल्लेख किया जाये और यदि मृतक का आधार नंबर नहीं है या आवेदक को उसके आधार नंबर के बारे में जानकारी नहीं है तो आवेदक को शपथ-पत्र देना होगा कि मृतक का आधार नंबर नहीं है तथा उसके द्वारा शपथ-पत्र में जो जानकारी दी गई है यदि वह गलत निकलती तो है तो उसके विरुध्द कानूनी कार्यवाही की जा सकेंगी। यही नहीं, आवेदन-पत्र में आवेदक को भी अपना तथा परिजनों के आधार नंबर भी दर्ज करने होंगे। तभी उन्हें मृत्यु प्रमाण-पत्र प्रदान किया जायेगा। आधार नंबर से मृतक व परिजनों की पहचान स्थापित हो सकेगी।
विभागीय अधिकारी ने कहा कि हमने सभी नगरीय निकायों को मृत्यु प्रमाण-पत्र, मृतक व आवेदक द्वारा अपने आधार नंबर दने पर ही प्रदान करने के निर्देश जारी किये हैं। अभी इसके लिये निर्धारित तिथि नहीं बताई गई है कि कब से उन्हें यह प्रावधान अनिवार्य करना है। लेकिन सभी नगरीय निकायों को अपने सिस्टम में यह नई व्यवस्था धीरे-धीरे स्थापित करना होगी।
भोपाल नगर निगम के एक अधिकारी ने कहा कि अभी हमारे यहां मृत्यु प्रमाण-पत्र अस्पताल एवं शमशान घाट के प्रमाण-पत्र पर ही प्रदान किये जा रहे हैं तथा नये निर्देशों के पालन में यह व्यवस्था भी कर दी जायेगी।
- डॉ. नवीन जोशी
अब मृत्यु प्रमाण-पत्र लेने के लिए देना होगा आधार
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Bhopal 👤By: DD Views: 2830
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