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मप्र सरकार मुम्बई की अपनी दो सम्पत्तियां बेचेगी...

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📍 Bhopal
मप्र सरकार मुम्बई की अपनी दो सम्पत्तियां बेचेगी...
निजी रियल एस्टेट कंपनियों से मांगे आफर

22 दिसंबर 2018। मप्र सरकार अपनी मुम्बई स्थित दो स्थाई सम्पत्तियां बेचने जा रही है। इसके लिये निजी रियल एस्टेट कंपनियों से 5 जनवरी तक आफर बुलवाये गये हैं।



ज्ञातव्य है कि राज्य के वित्त विभाग के अंतर्गत संचालित द प्रोविडेन्ट इन्वेस्टमेंट कंपनी के आधिपत्य में उक्त दोनों संपत्तियां हैं। इनमें पहली सम्पत्ति मुम्बई के जेजे हास्पिट के पास बाबूल लाल टेंक रोड पर पर प्रिन्सेज बिल्डिंग है जिसमें 153 किरायेदार रह रहे हैं। इसका कुल क्षेत्रफल 229.66 वर्गमीटर है। दूसरी सम्पत्ति टेंक बंदर रोड पर मझगांव डिविजन में है जिसमें 204 किरायेदार रह रहे हैं। इसका वैसे तो कुल क्षेत्रफल 10 हजार 460.74 वर्गमीटर है परन्तु इसमें से 7 हजार 536 वर्गमीटर एरिया मुम्बई के स्लम रिहैबिलियेशन अथारिटी ने स्लम एरिया घोषित कर दिया है।



मप्र सरकार विभिन्न लीगल विवादों एवं रखरखाव की समस्याओं से बचने के लिये इन दो सम्पत्तियों को यथास्थिति में बेचना चाहती है जिसके लिये निजी रियल एस्टेट कंपनियों से आफर बुलवाये गये हैं। द प्रोविडेन्ट इन्वेस्टमेंट कंपनी का स्वयं का कार्यालय मुम्बई के एडवर्ड विला में लगता है तथा इसमें भी किरायेदार से खाली कराने की समस्या थी। इसके लिये लम्बी कानूनी लड़ाई लड़ कर किरायेदारों से एडवर्ड विला खाली करा लिया गया है। अभी मुम्बई में मप्र सरकार की और भी सम्पत्तियां हैं परन्तु उन्हें विक्रय करने की अभी राज्य सरकार ने अनुमति नहीं दी है। द प्रोविडेन्ट इन्वेस्टमेंट कंपनी के पास केरल के वायनाड में बीनाची स्टेट सम्पत्ति भी है जिसमें चाय के बागान चल रहे हैं।



सीबीआई ने दर्ज की है एफआईआर :

सीबीआई के मुम्बई एसीपी ने गत 21 दिसम्बर,2017 को आपराधिक षडय़ंत्र करने पर चार व्यक्तियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है जिसमें द प्राविडेट इन्वेस्टमेंट कंपनी के अज्ञात आफिशियल्स, मप्र वित्त विभाग के अज्ञात आफिशियल्स, थाने नगर पालिका के अज्ञात आफिशियल्स तथा अज्ञात बिल्डर्स एवं प्रायवेट पर्सन्स शामिल हैं। इस मामले में आरोप है कि उक्त आरोपियों ने आपराधिक षडय़ंत्र कर सरकार की भूमि खुर्दबुर्द की। इस मामले की जांच प्रारंभ होने पर अब मुम्बई स्थित उक्त दोनों सम्पत्तियां बचने की तैयारी प्रारंभ की गई है।

विभागीयच अधिकारी ने बताया कि मुम्बई स्थित दो स्थाई सम्पत्तियों को यथा स्थिति में बेचने की अनुमति मिली है। इसके लिये निजी रियल एस्टेट कंपनियों से 5 जनवरी तक आफर बुलवाये गये हैं। इन दोनों सम्पत्तियों में पुरानी चाले हैं जिनमें सालों से किरायेदार रह रहे हैं।





- डॉ. नवीन जोशी
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