गणना में स्थानीय नागरिक भी भाग ले सकेंगे
21 दिसम्बर 2018। मध्य प्रदेश में 12 जनवरी 2019 को दूसरी बार प्रदेश व्यापी गिद्ध गणना की जायेगी। यह गणना सम्पूर्ण प्रदेश में एक ही समय की जायेगी। संकलित जानकारी एवं आंकड़ों के आधार पर प्रदेश में गिद्ध आवास स्थलों के संरक्षण की रणनीति तैयार की जायेगी। उल्लेखनीय है कि प्रदेश व्यापी गिद्ध गणना जनवरी 2018 से शुरू हुई है।
अपर प्रधान मुख्य वन संरक्षक (वन्य प्राणी) आलोक कुमार ने बताया कि जिन जिलों में गिद्धों के आवास स्थल हैं, वहाँ वास्तविक गणना के कार्य में स्थानीय व्यक्ति और संस्थाएँ भी शामिल हो सकते हैं। इच्छुक व्यक्ति इसके लिए अपने क्षेत्र के वन मंडलाधिकारी से सम्पर्क करें। वन विभाग गणना कार्य के लिये वृत्त स्तरीय कार्यशालाओं का आयोजन करने के साथ कर्मचारियों को प्रशिक्षण दे रहा है।
सबसे अधिक 94 गिद्ध आवास स्थल छिन्दवाड़ा जिले में
आलोक कुमार ने बताया कि प्रदेश के 33 जिलों में 886 स्थानों पर गिद्ध आवास स्थल चिन्हित किये गये हैं। सबसे अधिक 94 स्थल छिन्दवाड़ा जिले में पाये गये हैं। दूसरे स्थान पर रायसेन जिला है, जहाँ 80 गिद्ध स्थल और मंदसौर जिले में 78 आवास स्थल चिन्हित किये गये हैं। गिद्ध आवास स्थल वाले अन्य जिले हैं भोपाल, सीहोर, विदिशा, छतरपुर, टीकमगढ़, भिण्ड, दतिया, इंदौर, देवास, शाजापुर, ग्वालियर, मुरैना, श्योपुर, डिण्डोरी, जबलपुर, कटनी, मंडला, रीवा, सतना, सीधी, दमोह, सागर, अनूपपुर, शहडोल, उमरिया, अशोकनगर, गुना, शिवपुरी और नीमच हैं।
मध्य प्रदेश में गिद्ध गणना 12 जनवरी से
Place:
Bhopal 👤By: Digital Desk Views: 1846
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