26 अप्रैल 2026। उत्तर भारत के एक मेडिकल छात्र ने AI टूल Gemini की मदद से “Emily Hart” नाम की एक फर्जी कंज़र्वेटिव इन्फ्लुएंसर तैयार की और दावा किया कि इससे ऑनलाइन कमाई करना बेहद आसान साबित हुआ।
Wired की रिपोर्ट के मुताबिक, “Sam” नाम से पहचान रखने वाला यह छात्र पढ़ाई के दौरान आर्थिक संकट से जूझ रहा था। इसी दौरान उसने AI के जरिए इन्फ्लुएंसर बनाने का प्रयोग शुरू किया।
शुरुआत में उसने बिकनी पहने एक गोरे बालों वाली महिला की तस्वीरें बनाई, लेकिन उन्हें खास रिस्पॉन्स नहीं मिला। इसके बाद उसने Gemini से पूछा कि ज्यादा फॉलोअर्स कैसे हासिल किए जाएं। AI ने उसे एक खास ऑडियंस पर फोकस करने की सलाह दी—उम्रदराज, आर्थिक रूप से सक्षम MAGA समर्थक।
इसके बाद “Emily Hart” को एक नर्स के रूप में पेश किया गया, जो Donald Trump का समर्थन करती थी। उसके पोस्ट में ईसाई धर्म, गन राइट्स, एंटी-इमिग्रेशन और एंटी-अबॉर्शन जैसे मुद्दों को जोर-शोर से उठाया गया।
एक पोस्ट में लिखा गया था कि ट्रंप को अवैध प्रवासियों से कहना चाहिए कि अगर वे रिपब्लिकन को वोट देंगे तो उन्हें नागरिकता दे दी जाएगी—और फिर देखना चाहिए कि डेमोक्रेट्स कैसे प्रतिक्रिया देते हैं।
“Sam” का दावा है कि यह रणनीति काम कर गई और कुछ पोस्ट पर 10 मिलियन तक व्यूज़ आने लगे। महज एक महीने में Instagram पर इस प्रोफाइल के 10,000 से ज्यादा फॉलोअर्स हो गए। इनमें से कई यूज़र्स ने Fanvue जैसे प्लेटफॉर्म पर सब्सक्रिप्शन भी लिया।
उसका कहना है कि वह रोज़ सिर्फ 30 से 50 मिनट काम करके हर महीने कुछ हज़ार डॉलर कमा रहा था और यह ऑनलाइन कमाई का सबसे आसान तरीका साबित हुआ।
हालांकि, Wired की जांच के बाद “Emily Hart” से जुड़े अकाउंट सस्पेंड कर दिए गए। वहीं “Sam” ने इन आरोपों को खारिज किया कि वह लोगों के साथ किसी तरह की धोखाधड़ी कर रहा था।















