🔴 TRENDING NOW!
मुख्यमंत्री डॉ. यादव मुख्यमंत्री रजिस्ट्री योजना के अंतर्गत स्वामित्व दस्तावेजों के पंजीयन अभियान में हुए शामिल उज्जैन के गौरव की “गिर गाय राधा” ने बनाया रिकार्ड, प्रतिदिन 19 लीटर से अधिक दूध देकर प्रदेश में हासिल किया सर्वाधिक दूध देने वाली गाय का स्थान प्रदेश में 63 हजार 296 करोड़ रूपये की लागत से बनेंगे 5 ग्रीन फील्ड कारीडोर स्कोडा ऑटो इंडिया ने 350 से अधिक ग्राहक संपर्क केंद्रों का आंकड़ा पार किया, 193 शहरों तक पहुँच का विस्तार किया मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने निभाया वादा, हनुमान अंश फिल्म के बुंदेली गायक सुनील लोधी के आंखों का उपचार शुरू सीएम डॉ. मोहन यादव की कैबिनेट ने लिए अहम फैसले, डेवलपमेंट-इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए स्वीकार किए 23 हजार 300 करोड़ से ज्यादा के प्रस्ताव मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने नए उप पुलिस अधीक्षकों को दिए कर्तव्य मंत्र, कहा- रील से ज्यादा रियल प्रॉब्लम करें सॉल्व सीएम डॉ. मोहन यादव, केंद्रीय मंत्री मेघवाल ने राहुल गांधी पर साधा निशाना, कहा- किसी की सगी नहीं हो सकती कांग्रेस AI की कमाई पर उठे सवाल, टेक शेयरों में 2 ट्रिलियन डॉलर की भारी गिरावट भर्ती प्रक्रिया शुरू नहीं, आयु सीमा पार कर रहे अभ्यर्थी

न्यूरल नेटवर्क आर्किटेक्ट्स को भौतिकी में नोबेल पुरस्कार

👤
prativad
👁 3704 व्यूज
📍 भोपाल
न्यूरल नेटवर्क आर्किटेक्ट्स को भौतिकी में नोबेल पुरस्कार
8 अक्टूबर 2024। भौतिकी के क्षेत्र में हुए अभूतपूर्व कार्य के लिए इस साल का नोबेल पुरस्कार जॉन हॉपफील्ड और ज्योफ्री हिंटन को संयुक्त रूप से दिया गया है। इन दोनों वैज्ञानिकों ने मशीन लर्निंग के क्षेत्र में क्रांतिकारी बदलाव लाने वाले विभिन्न उपकरणों और विधियों का विकास किया है।

मशीन लर्निंग में अहम योगदान:
हॉपफील्ड और हिंटन ने मशीन लर्निंग के क्षेत्र में कई महत्वपूर्ण खोजें की हैं। उनके द्वारा विकसित किए गए उपकरण और विधियां आजकल कृत्रिम बुद्धिमत्ता के क्षेत्र में व्यापक रूप से उपयोग किए जा रहे हैं। इनके काम से कंप्यूटरों को डेटा का विश्लेषण करने और स्वयं सीखने में सक्षम बनाया गया है।

पुरस्कार राशि:
इस प्रतिष्ठित पुरस्कार के साथ दोनों वैज्ञानिकों को 11 मिलियन स्वीडिश क्रोनर (लगभग ₹8.3 करोड़) की नकद राशि भी प्रदान की गई है। यह पुरस्कार न केवल वैज्ञानिकों के योगदान को मान्यता देता है बल्कि भविष्य में होने वाले शोध कार्यों के लिए भी प्रेरणा का स्रोत है।

मशीन लर्निंग का महत्व:
मशीन लर्निंग आजकल हमारी दुनिया को बदल रहा है। यह चिकित्सा, वित्त, परिवहन और कई अन्य क्षेत्रों में क्रांतिकारी बदलाव ला रहा है। हॉपफील्ड और हिंटन के काम ने इस क्षेत्र को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया है।



भौतिकी के नोबेल पुरस्कार 2024 जॉन हॉपफील्ड और ज्योफ्री हिंटन को दिया जाना मशीन लर्निंग के क्षेत्र में हुए महत्वपूर्ण कार्यों को मान्यता देने का एक बड़ा कदम है। इनके काम ने न केवल विज्ञान को बल्कि पूरी मानवता को एक नई दिशा दी है।
Tags :