🔴 TRENDING NOW!
ISRO का फ्री AI/ML कोर्स: 4 अक्टूबर तक करें आवेदन, जानें आवेदन का तरीका सीएम डॉ. यादव ने गांधी सागर वाइल्डलाइफ सैंक्चुरी में छोड़ी चीता 'सीसीबी-2', कहा- यह कदम हमारी "जियो और जीने दो" की भावना दिखाता है तथ्यों के साथ संवाद करें राहुल गांधी, मध्यप्रदेश के विकास की वास्तविक तस्वीर देखें : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव कोई बनेगा सीए-कोई वकील-कोई शुरू करेगा स्टार्टअप, बच्चों से इंप्रेस सीएम डॉ. मोहन ने 7400 से ज्यादा छात्रों को दी स्कूटी भारत की अगली रक्षा लड़ाई सिर्फ मिसाइल और लड़ाकू विमानों से नहीं, AI और Cyber Security से भी होगी हाउस ऑफ मैकडॉवेल्स सोडा ने ‘यारी की नई वाइब’ के साथ यारी को दिया नया अंदाज़ कूनो फिर हुआ गुलजार, मादा चीता केजीपी12 के परिवार में आए चार नन्हे शावक : मुख्यमंत्री डॉ. यादव प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन पर जगमगाया मध्यप्रदेश, शिप्रा तट-महाकाल महालोक में एक साथ जलाए गए 33.27 लाख दीये, बना वर्ल्ड रिकॉर्ड भारत के सरकारी और रक्षा संस्थानों पर साइबर खतरा, APT36 के नए Malware अभियान से अलर्ट बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन और सीएम डॉ. मोहन यादव ने की सेवा-संकल्प अभियान की शुरुआत, स्वामित्व अधिकार योजना के तहत 50 लाख संपत्तियों की होगी फ्री रजिस्ट्री

शी जिनपिंग ने तियानजिन में एससीओ शिखर सम्मेलन की मेज़बानी की, पुतिन और मोदी ने की द्विपक्षीय वार्ता

👤
prativad
👁 2913 व्यूज
📍 नई दिल्ली
शी जिनपिंग ने तियानजिन में एससीओ शिखर सम्मेलन की मेज़बानी की, पुतिन और मोदी ने की द्विपक्षीय वार्ता
1 सितंबर 2025। चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने सोमवार को तियानजिन में आयोजित 2025 शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) शिखर सम्मेलन का उद्घाटन करते हुए रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सहित 20 से अधिक देशों के राष्ट्राध्यक्षों और 10 अंतरराष्ट्रीय संगठनों के प्रतिनिधियों का स्वागत किया।

यह सम्मेलन वैश्विक तनावों – यूक्रेन संघर्ष, गाजा युद्ध और अमेरिका की टैरिफ नीतियों से उपजे व्यापार विवादों – की पृष्ठभूमि में आयोजित हो रहा है। एजेंडे में क्षेत्रीय सुरक्षा, आर्थिक सहयोग, ऊर्जा, परिवहन, डिजिटलीकरण, कृत्रिम बुद्धिमत्ता और हरित विकास जैसे विषय शामिल हैं।

पुतिन–मोदी मुलाक़ात
सम्मेलन से इतर पुतिन और मोदी ने तियानजिन के रिट्ज-कार्लटन होटल में द्विपक्षीय वार्ता की। पुतिन ने मोदी को अपना "प्रिय मित्र" बताते हुए कहा कि मास्को और नई दिल्ली के बीच विशेष और विशेषाधिकार प्राप्त रणनीतिक साझेदारी के 15 वर्ष पूरे होने जा रहे हैं। मोदी ने भी पुतिन को "प्रिय मित्र" कहकर संबोधित किया और दिसंबर में भारत में होने वाले 23वें वार्षिक शिखर सम्मेलन में स्वागत करने की इच्छा जताई।

शिखर सम्मेलन की प्रमुख बातें
घोषणापत्र जारी: एससीओ ने संयुक्त राष्ट्र में सुधार की मांग की ताकि वैश्विक राजनीतिक और आर्थिक वास्तविकताओं को बेहतर ढंग से प्रतिबिंबित किया जा सके और विकासशील देशों को अधिक प्रतिनिधित्व मिल सके।

गाजा पर रुख: संगठन ने "पूर्ण और स्थायी युद्धविराम" का आह्वान किया, मानवीय सहायता पहुँचाने की आवश्यकता दोहराई और नागरिकों की मौत की घटनाओं की कड़ी निंदा की।

विकास बैंक की पहल: सदस्य देशों ने एक एससीओ विकास बैंक स्थापित करने पर सहमति जताई।

आर्थिक सहयोग: रूसी प्रत्यक्ष निवेश कोष के प्रमुख किरिल दिमित्रिव ने कहा कि एससीओ देशों के बीच "अभूतपूर्व सहयोग" हो रहा है, जो पश्चिमी देशों की विखंडित नीतियों से अलग है।

पुतिन के बयान
पुतिन ने कहा कि नाटो में यूक्रेन को शामिल करने के पश्चिमी प्रयास मौजूदा संकट के कारणों में से एक हैं। उन्होंने चीन और भारत के शांति प्रयासों की सराहना की और कहा कि रूस एससीओ-आधारित भुगतान एवं निपटान ढाँचे का समर्थन करता है।

चीन का योगदान
शी जिनपिंग ने घोषणा की कि चीन इस वर्ष एससीओ सदस्य देशों को 2 अरब युआन (लगभग 281 मिलियन डॉलर) का अनुदान देगा, साथ ही 10 अरब युआन की अतिरिक्त सहायता भी प्रदान करेगा।

यह सम्मेलन मंगलवार को बीजिंग में पुतिन–शी वार्ता और बुधवार को द्वितीय विश्व युद्ध में जापान के आत्मसमर्पण की 80वीं वर्षगांठ के कार्यक्रमों के साथ जारी रहेगा।
Tags :