दावोस | 21 जनवरी, 2026 विश्व आर्थिक मंच की वार्षिक बैठक के बीच आज एक ऐसे डिजिटल प्लेटफॉर्म का अनावरण किया गया, जो वर्तमान सोशल मीडिया के स्वरूप को पूरी तरह बदलने का दावा करता है। 'W' नामक इस प्लेटफॉर्म को विशेष रूप से सूचना की अखंडता और मानवीय गरिमा को बनाए रखने के लिए डिजाइन किया गया है।
प्रमुख विशेषताएं और उद्देश्य
यूरोप की एक विशेषज्ञ डेवलपर टीम द्वारा तैयार किए गए इस प्लेटफॉर्म का मुख्य उद्देश्य 'एल्गोरिदम' की तानाशाही को खत्म करना और समाज में भरोसेमंद संवाद को फिर से स्थापित करना है।
100% बॉट-फ्री वातावरण: प्लेटफॉर्म पर बॉट्स (स्वचालित सॉफ्टवेयर) के उपयोग पर पूरी तरह प्रतिबंध होगा। इसका मतलब है कि हर अकाउंट के पीछे एक वास्तविक इंसान होगा।
अनिवार्य यूजर वेरिफिकेशन: 'W' पर पंजीकरण के लिए वास्तविक पहचान का सत्यापन अनिवार्य होगा। इससे गुमनाम रहकर नफरत फैलाने या फेक न्यूज चलाने वालों पर लगाम लगेगी।
प्रमाणित जानकारी को प्राथमिकता: फेसबुक और एक्स (पूर्व में ट्विटर) जैसे प्लेटफॉर्म्स के विपरीत, 'W' का एल्गोरिदम केवल उन्हीं पोस्ट को बढ़ावा नहीं देगा जो भड़काऊ हों। इसके बजाय, यह प्रमाणित स्रोतों और विशेषज्ञों द्वारा साझा की गई जानकारी को 'प्रायोरिटी फीड' में रखेगा।
डेटा सुरक्षा के सख्त मानक: यूरोपीय डेवलपर टीम ने इसे 'प्राइवेसी-फर्स्ट' मॉडल पर आधारित किया है, जहाँ यूजर के डेटा का उपयोग विज्ञापनों के लिए नहीं किया जाएगा।
क्यों पड़ी इसकी जरूरत?
दावोस में चर्चा के दौरान विशेषज्ञों ने चिंता जताई थी कि मौजूदा सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर गलत सूचनाओं के कारण लोकतंत्र और सामाजिक सद्भाव खतरे में हैं। 'W' के संस्थापकों का कहना है कि यह केवल एक ऐप नहीं, बल्कि एक 'डिजिटल सुरक्षा कवच' है जो लोगों को केवल सच से जोड़ेगा।
"हमारा लक्ष्य एक ऐसा डिजिटल स्पेस बनाना है जहाँ शोर कम और संवाद ज्यादा हो।" — डेवलपर टीम, 'W'














