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‘चंपक’ नाम को लेकर BCCI पर केस, दिल्ली हाईकोर्ट में ट्रेडमार्क याचिका

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📍 नई दिल्ली
‘चंपक’ नाम को लेकर BCCI पर केस, दिल्ली हाईकोर्ट में ट्रेडमार्क याचिका
दिल्ली हाईकोर्ट में याचिका दाखिल, कोर्ट ने BCCI से चार हफ्ते में मांगा जवाब

30 अप्रैल 2025। मशहूर बाल पत्रिका ‘चंपक’ के प्रकाशक दिल्ली प्रेस पत्र प्रकाशन प्रा. लि. ने भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) के खिलाफ दिल्ली हाईकोर्ट में ट्रेडमार्क उल्लंघन की याचिका दायर की है। विवाद का केंद्र है IPL में लॉन्च किए गए AI रोबोटिक डॉग को 'चंपक' नाम देना, जिसे BCCI, TVision और Omnicam ने मिलकर पेश किया था।

याचिका पर सुनवाई करते हुए जस्टिस सौरभ बनर्जी ने BCCI को नोटिस जारी करते हुए चार सप्ताह में जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है। कोर्ट ने इस याचिका में मांगे गए अंतरिम आदेश के मुद्दे पर भी जवाब तलब किया है। अगली सुनवाई की तारीख 9 जुलाई तय की गई है।

प्रकाशक का दावा: ट्रेडमार्क का उल्लंघन, नाम का कमर्शियल उपयोग
याचिकाकर्ता की ओर से पेश वकील ने दलील दी कि ‘चंपक’ नाम रजिस्टर्ड ट्रेडमार्क है और BCCI ने इसे बिना अनुमति के व्यावसायिक रूप से प्रचार और विपणन में उपयोग किया है। यह मैगज़ीन की पहचान और ब्रांड वैल्यू को नुकसान पहुंचा रहा है।

कोर्ट ने पूछा कि इस नाम के प्रयोग में कमर्शियल एंगल क्या है? इस पर वकील ने जवाब दिया कि यदि किसी उत्पाद, वस्तु या माध्यम पर नाम का उपयोग कर प्रचार किया जाए और उससे राजस्व अर्जित किया जाए, तो यह कमर्शियल उपयोग माना जाता है।

BCCI की दलील: चंपक आम शब्द है, विशिष्ट नहीं
BCCI की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता जे. साई दीपक ने तर्क दिया कि ‘चंपक’ कोई अनोखा या गढ़ा हुआ नाम नहीं है, बल्कि यह एक फूल का नाम है और कई अन्य पात्रों और कार्यक्रमों में भी पहले से प्रयुक्त होता रहा है। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि “तारक मेहता का उल्टा चश्मा” जैसे लोकप्रिय शो में भी चंपक नाम का उपयोग हुआ है।

मामला अब 9 जुलाई को होगा फिर से पेश
कोर्ट ने दोनों पक्षों की दलीलों को सुनते हुए फिलहाल कोई अंतरिम राहत नहीं दी, लेकिन मामले को गंभीर मानते हुए नोटिस जारी किया है। BCCI को 9 जुलाई तक विस्तृत जवाब दाखिल करना होगा।
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