🔴 TRENDING NOW!
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दिए रजिस्ट्री प्रमाण-पत्र, स्वामित्व अधिकार अभिलेख हस्तांतरण योजना से मिला 10 हितग्राहियों को मालिकाना हक AI से आगे सुपरइंटेलिजेंस की दुनिया: क्या .si डोमेन बन सकता है डिजिटल पहचान का नया विकल्प? मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने लिया सख्त एक्शन, जिला संयोजक आदिम जाति कल्याण विभाग निलंबित AI एजेंट्स में भी जेंडर बायस: एक ही काम के लिए महिला एजेंट को पुरुष से 10.25% कम भुगतान मध्यप्रदेश ट्रैवल मार्ट 2026 में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों एवं संस्थानों का सम्मान जमीन से आसमान तक जियो, 1,600 सैटेलाइट और 23 ग्राउंड स्टेशन के साथ कनेक्टिविटी की नई छलांग भारत में AI रेगुलेशन की तैयारी: एक महीने में आएगा कंसल्टेशन पेपर, Deepfake और साइबर सुरक्षा पर फोकस भारत में Starlink की देरी पर मस्क का बड़ा आरोप, ‘ओलिगार्क्स’ पर लगाया रोकने का आरोप मध्यप्रदेश ट्रैवल मार्ट से प्रदेश के आतिथ्य और पर्यटन अर्थव्यवस्था को मिलेगी वैश्विक पहचान: मुख्य सचिव बर्णवाल पर्यटन की दृष्टि से असीम संभावनाओं का केंद्र है मध्यप्रदेश - मुख्यमंत्री डॉ. यादव

मानसून सत्र में UCC समेत आधा दर्जन से अधिक विधेयक पेश करेगी मध्य प्रदेश सरकार

👤
prativad
👁 684 व्यूज
📍 भोपाल
मानसून सत्र में UCC समेत आधा दर्जन से अधिक विधेयक पेश करेगी मध्य प्रदेश सरकार
भोपाल 11 जुलाई 2026। मध्य प्रदेश विधानसभा के 20 जुलाई से शुरू होने वाले मानसून सत्र में सरकार आधा दर्जन से अधिक महत्वपूर्ण विधेयक पेश करने की तैयारी में है। विभिन्न विभाग इन प्रस्तावित कानूनों को अंतिम रूप देने में जुटे हैं। इनमें समान नागरिक संहिता (UCC) विधेयक से लेकर निजी कोचिंग संस्थानों के नियमन, अग्निशमन सेवाओं और श्रम कानूनों से जुड़े कई अहम बिल शामिल हैं।

सरकार पहले ही संकेत दे चुकी है कि जुलाई के दौरान राज्य में समान नागरिक संहिता (UCC) लागू करने की दिशा में कदम उठाए जाएंगे। ऐसे में विधानसभा सत्र में UCC विधेयक सबसे महत्वपूर्ण एजेंडे में शामिल माना जा रहा है।

सत्र में मध्य प्रदेश निजी कोचिंग संस्थान (पंजीकरण एवं विनियमन) विधेयक, 2026 भी पेश किया जाएगा। इस प्रस्तावित कानून के तहत राज्य के सभी निजी कोचिंग संस्थानों का पंजीकरण अनिवार्य होगा। यदि कोई संस्थान छात्रों की सुरक्षा और निर्धारित मानकों का पालन नहीं करता है, तो उसका पंजीकरण रद्द किया जा सकेगा। यह कानून लागू होने पर मध्य प्रदेश निजी कोचिंग संस्थानों के लिए अनिवार्य पंजीकरण व्यवस्था लागू करने वाला पहला राज्य कानून होगा।

सरकार मध्य प्रदेश अग्निशमन एवं आपातकालीन सेवा विधेयक, 2026 भी सदन में लाने की तैयारी कर रही है। यह विधेयक लंबे समय से लंबित है और इसमें कई बार संशोधन किए जा चुके हैं। वर्तमान में राज्य में अग्निशमन सेवाओं के संचालन के लिए कोई अलग कानून नहीं है तथा आग से संबंधित मामलों का निपटारा नगर निगमों और नगर पालिकाओं के प्रावधानों के तहत किया जाता है।

हाल ही में शहरी प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने विभाग को ऊंची इमारतों में आग लगने की घटनाओं से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए आवश्यक प्रबंधों पर काम करने के निर्देश दिए थे। उन्होंने इस बात पर चिंता जताई थी कि अधिकांश नगर निगमों के पास ऊंची इमारतों तक पहुंचने में सक्षम आधुनिक अग्निशमन उपकरण उपलब्ध नहीं हैं।

इसके अलावा विधानसभा में मध्य प्रदेश उपकर (संशोधन) विधेयक, 2026, विनियोग विधेयक, मध्य प्रदेश नागरिक सुरक्षा संहिता (संशोधन) विधेयक, 2026, मध्य प्रदेश श्रम संहिता तथा मध्य प्रदेश राजमार्ग (संशोधन) विधेयक, 2026 भी पेश किए जाने की संभावना है।

आगामी मानसून सत्र में इन विधेयकों पर चर्चा के साथ कई महत्वपूर्ण नीतिगत और प्रशासनिक फैसलों पर भी विधानसभा में बहस होने की उम्मीद है।
Tags :